तेरे दर पे आके तेरा हो गया हूँ
कि जबसे भजन में तेरे खो गया हूँ
तेरे दर पे आके तेरा हो गया हूँ....
ये तन भी समर्पित ये धन भी समर्पित
किया है जो अब तक ज़माने में अर्जित
कि चौखट पे तेरी आ जो गया हूँ
तेरे दर पे आके तेरा हो गया हूँ
कि जबसे भजन में तेरे खो गया हूँ
तेरे दर पे आके तेरा हो गया हूँ....
मन मेरा भगवान अब तक था निर्जन
तुम्हरी कृपा से खिला मन का उपवन
ये लाभ भक्ति में पा तो गया हूँ
तेरे दर पे आके तेरा हो गया हूँ
कि जबसे भजन में तेरे खो गया हूँ
तेरे दर पे आके तेरा हो गया हूँ....
ना अब कोई मन में तम्मना है बाकी
ना चाहत ज़मीं की ना आसमा की
कि चरणों अब तो तेरे सो गया हूँ
तेरे दर पे आके तेरा हो गया हूँ
कि जबसे भजन में तेरे खो गया हूँ
तेरे दर पे आके तेरा हो गया हूँ....

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