दया के आस में मैया तेरे दरबार आया हूँ लिरिक्स / Daya Ke Aas Me Maiya Tere Darbaar Aaya Hu Lyrics

दया की आस में मैया

तेरे दरबार आया हूँ 

बना लो दास मुझको भी

बड़ी लाचार आया हूँ..

दया की आस में मैया...


सुना हूँ तुम गरीबों के

सदा उद्धार करती हो 

सदा उद्धार करती हो 

तो हाजिर हूं गरीबों के

स्वयं सरदार आया हूँ 

दया की आस में मैया....


अगर तुम दिन के दाता

तो मेरी दीनता सुन लो

तो मेरी दीनता सुन लो 

जगत के मोह में डूबा

मै एक गुनहगार आया..

दया की आस में मैया....

LB MUSIC ENTERTAINMENT


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